धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में सुरक्षाबलों ने नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। हाल ही में सरेंडर करने वाली 5 लाख की इनामी महिला नक्सली के इनपुट पर पुलिस ने जंगलों में छिपाकर रखे गए घातक हथियारों का जखीरा बरामद किया है। इस कार्रवाई से माओवादी संगठन को रसद और सैन्य मोर्चे पर बड़ा झटका लगा है।
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5 लाख की इनामी ‘सोमारी’ के इनपुट पर एक्शन
जनवरी महीने में शासन की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर 5 लाख की इनामी महिला नक्सली भूमिका उर्फ गीता उर्फ सोमारी ने आत्मसमर्पण किया था। पूछताछ के दौरान उसने उन गुप्त ठिकानों का खुलासा किया जहाँ माओवादियों ने सुरक्षा बलों पर हमले के लिए हथियार छिपाए थे।
जमीन में दबे मिले ऑटोमैटिक हथियार
सोमारी की निशानदेही पर डीआरजी (DRG) धमतरी की टीम ने दौड़पंडरीपानी के घने जंगलों में विशेष सर्च ऑपरेशन चलाया। नक्सलियों ने हथियारों को सुरक्षित रखने के लिए:
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जमीन में गहरा गड्ढा खोदकर उन्हें लोहे और प्लास्टिक के डिब्बों में सुरक्षित किया था।
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ऊपर से सूखी पत्तियों और प्राकृतिक लकड़ियों से ढका था ताकि किसी को भनक न लगे।
क्या-क्या हुआ बरामद?
पुलिस ने खुदाई के दौरान निम्नलिखित हथियार और गोला-बारूद जब्त किया है:
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एक SLR (7.62 MM) ऑटोमैटिक राइफल
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SLR की दो खाली मैगजीन
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एक 12 बोर की बंदूक
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एक अन्य देसी हथियार
नक्सल उन्मूलन की दिशा में बड़ा कदम
धमतरी पुलिस के अनुसार, इस जब्ती से नक्सलियों की मारक क्षमता कमजोर हुई है। यह सफलता साबित करती है कि शासन की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति रंग ला रही है। पुलिस ने अन्य माओवादियों से भी अपील की है कि वे हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटें और सरकार की योजनाओं का लाभ उठाएं।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में शांति और विकास के लिए नक्सलवाद के खिलाफ इस तरह के सर्च ऑपरेशन भविष्य में भी जारी रहेंगे।








