Shahjahanpur Family Suicide Case: देश से आए दिन लोगों द्वारा खुदखुशी करने के मामले सामने आ रहे हैं। इस बीच उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले से भी एक ऐसा ही मामला सामने आया है। यहां 2 साल पहले लिए गए 50 लाख के कर्ज की सब्सिडी न मिलने से परेशान हैंडलूम व्यापारी सचिन ग्रोवर ने अपनी पत्नी शिवांगी व बेटे के साथ मौत को गले लगा कर अपनी जान दे दी है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, दंपती ने पहले अपने 3 साल के बेटे फतेह को जहर पिलाया। उसके बाद दोनों ने खुद फांसी लगाकर मौत को गले लगा लिया। ऐसे में सुबह जब काफी देर तक किसी भी तरह की हलचल नहीं हुई तो घर के नीचे हिस्से में रह रही मां सीमा ऊपर गईं और उन्हें फंदे पर लटके हुए पाया।
शाहजहांपुर के रोजा का है मामला
ये पूरा ममाला, शाहजहांपुर के रोजा की दुर्गा इंक्लेव कालोनी का है। जहां सचिन ग्रोवर की हरियाणा हैंडलूम नाम से दुकान थी। जिसमें वह अपने भाई रोहित के साथ व्यापार करते थे। इस दौरान व्यापार में नुकसान होने की वजह से उन्होंने दो साल पहले कॉलोनी में ही रहने वाली सास संध्या के नाम पर 50 लाख का लोन लिया था, जिसकी जिसकी हर मंथ एक लाख रुपये किस्त जा रही थी।
सब्सिडी नहीं मिलने पर मौत को लगाया गले
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वहीं इस लोन पर लगभग 12 लाख रुपये की सब्सिडी भी मिलनी थी, जिसके लिए सचिन उद्योग केंद्र के कई चक्कर लगा चुके थे। इस दौरान उन्हें हर बार आश्वासन ही मिल रहे थे। इससे परेशान होकर उन्होंने मंगलवर रात किसी समय बेटे फतेह को जहर दे दिया और इसके बाद सचिन व उनकी पत्नी शिवांगी ने फंदे पर लटककर जान दे दी।
मां ने सुबह खोला कमरा, निकल गईं चीखें
ऐसे में जब सुबह लगभग साढ़े आठ बजे तक किसी भी तरह की हलचल नहीं देखी गई, तो नीचे की मंजिल पर रह रहीं उनकी मां सीमा बहू को आवाज देती हुईं ऊपर कमरे तक पहुंचीं जहां का नजारा देख उनकी चीखें निकल गईं। इस मामले पर एसपी राजेश द्विवेदी का कहना है कि उन्हें 39 पेज का सुसाइड नोट मिला है जो शिवांगी ने लिखा है, इसमें सब्सिडी न मिलने से परेशान होने की बात लिखी है। रेलेटिव्स से पूछताछ जारी है।







