बिलासपुर (छत्तीसगढ़): प्रदेश से एक संगीन अपराध का मामला सामने आया है, जिसने इंसानियत को शर्मसार कर दिया। बिलासपुर के मस्तूरी क्षेत्र में एक झोलाछाप डॉक्टर ने इलाज कराने आई युवती से पहले दोस्ती की, फिर शादी का झांसा देकर महीनों तक शारीरिक शोषण किया। जब युवती ने शादी के लिए दबाव डाला तो आरोपी ने रायपुर के आर्य समाज मंदिर में फर्जी शादी रच ली। बाद में पता चला कि वह पहले से ही शादीशुदा और बच्चों का पिता है।

इलाज के बहाने बनाया संबंध
पीड़िता के अनुसार, कुछ महीने पहले वह इलाज के लिए गांव के एक क्लिनिक गई थी, जहाँ उसकी मुलाकात सरजू साहू नामक झोलाछाप डॉक्टर से हुई। इलाज के दौरान आरोपी ने युवती का मोबाइल नंबर लिया और लगातार संपर्क में रहने लगा। बातचीत बढ़ने के साथ उसने क्लिनिक में ही जबरन शारीरिक संबंध बना लिए।
शादी का झांसा और धोखा
डॉक्टर सरजू साहू ने युवती से वादा किया कि वह जल्द ही उससे शादी करेगा। इस भरोसे में युवती कई बार उसके साथ रही। आरोपी ने उसे होटलों में बुलाकर बार-बार दुष्कर्म किया। लेकिन जब युवती ने शादी की बात दोहराई, तो उसने आर्य समाज मंदिर, रायपुर में झूठी शादी दिखाकर धोखा दिया।
सच्चाई सामने आते ही टूटा भरोसा
कुछ समय बाद युवती को पता चला कि सरजू साहू पहले से शादीशुदा है और उसके बच्चे भी हैं। यह जानकर वह टूट गई और अपने परिजनों को पूरी बात बताई। इसके बाद परिजनों के साथ जाकर उसने मस्तूरी थाने में एफआईआर दर्ज कराई।
पुलिस ने किया गिरफ्तार
शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी डॉक्टर सरजू साहू को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और यह भी जांच में जुटी है कि क्या उसने अन्य महिलाओं के साथ भी ऐसा किया है।
प्रशासन की अपील
पुलिस और स्वास्थ्य विभाग ने जनता से अपील की है कि झोलाछाप डॉक्टरों के पास इलाज के लिए न जाएं और केवल मान्यता प्राप्त चिकित्सकों से ही उपचार कराएं। ऐसे फर्जी डॉक्टर न केवल मरीजों की सेहत से खेलते हैं, बल्कि सामाजिक अपराधों में भी लिप्त पाए जा रहे हैं।








