होम देश/विदेश मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ उत्तरप्रदेश जॉब/वेकैंसी एंटरटेनमेंट खेल लाइफस्टाइल टेक/गैजेट फैशन धर्म

देवास में भीषण अग्निकांड: झोपड़ी के साथ मजदूर के 7 लाख रुपए खाक; मलबे से निकले अधजले नोट देख फूट-फूटकर रोया परिवार

देवास | देवास-भोपाल हाईवे पर नेवरी फाटा पुलिस चौकी के पीछे शनिवार दोपहर अचानक लगी भीषण आग ने 4 परिवारों की खुशियां ...

विज्ञापन

Published on:

| सतना टाइम्स

देवास | देवास-भोपाल हाईवे पर नेवरी फाटा पुलिस चौकी के पीछे शनिवार दोपहर अचानक लगी भीषण आग ने 4 परिवारों की खुशियां उजाड़ दीं। इस हादसे में मजदूर बाबूलाल नाथ के घर में रखे 7 लाख रुपए नकद जलकर राख हो गए। आग इतनी भयावह थी कि दो घंटे की मशक्कत के बाद जब लपटें शांत हुईं, तो बाबूलाल के हाथ में केवल ढाई लाख के अधजले नोटों की गड्डियां और मलबे के अवशेष ही बचे थे।

मुख्य बिंदु 

  • मजदूर की त्रासदी: बाबूलाल ने कर्ज चुकाने के लिए मक्सी का घर गिरवी रखकर और सामान बेचकर 7 लाख जुटाए थे।

  • भीषण लपटें: देवास और सोनकच्छ से आईं फायर ब्रिगेड की टीमों ने 2 घंटे में आग पर काबू पाया।

  • बाल-बाल बची जान: एक गर्भवती महिला ने सोते समय आग की आहट सुनकर भागकर अपनी जान बचाई।

  • शादी की खुशियां राख: पड़ोसी परिवार की बेटी की अगले सप्ताह शादी थी, जिसका सारा सामान जलकर कोयला हो गया।


“पैसे बचाने लपटों में कूद रहा था बाबूलाल”

पीड़ित बाबूलाल नाथ ने रुंधे गले से बताया कि वह साबूदाना और प्लास्टिक का सामान बेचने का काम करता है। इंदौर में कर्ज चुकाने के लिए उसने अपना घर गिरवी रखा था।

  1. साहस और मजबूरी: आग लगते ही बाबूलाल ने पहले बच्चों और पत्नी को निकाला, लेकिन जब वह पैसों की पोटली के लिए दोबारा झोपड़ी में घुसने लगा, तो स्थानीय लोगों ने उसे जान बचाने के लिए पीछे खींच लिया।

  2. अधजली पूंजी: मलबे से करीब ढाई लाख के अधजले नोट बरामद हुए हैं, जिनकी हालत देख बाबूलाल फफक पड़ा।

लापरवाही या हादसा?

आग लगने के कारणों को लेकर विवाद की स्थिति है। बाबूलाल का आरोप है कि झोपड़ी से सटे खेत में जलाई गई आग ने लकड़ियों के ढेर को चपेट में लिया, जिससे यह हादसा हुआ। हालांकि, खेत मालिक ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। इस आग की चपेट में आने से पास ही स्थित खाटूश्याम मंदिर को भी मामूली नुकसान पहुँचा है।


प्रशासनिक प्रतिक्रिया

देवास नगर निगम के असिस्टेंट फायर ऑफिसर प्रतीक शास्त्री ने बताया कि सूचना मिलते ही टीमें मौके पर भेजी गई थीं। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है और झोपड़ियां पूरी तरह जल चुकी हैं।


खबर का सारांश 

प्रांशु विश्वकर्मा, ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर और कंटेंट राइटर है।जो बिजनेश और नौकरी राजनीति जैसे तमाम खबरे लिखते है।... और पढ़ें