इंदौर, मध्यप्रदेश। मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में मेट्रो रेल परियोजना को लेकर एक बड़ा और महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। लगभग छह साल से अटका हुआ मेट्रो रूट का मामला आखिरकार सुलझ गया है, और अब शहर के एक घनी आबादी वाले और रिहायशी इलाके में मेट्रो जमीन के अंदर से गुजरेगी, यानी इंदौर में मेट्रो अंडरग्राउंड दौड़ेगी। जनता के लगातार भारी आक्रोश और विरोध के कारण यह बड़ा फैसला लिया गया है, जिससे हजारों शहरवासियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने दी जानकारी
इस महत्वपूर्ण बदलाव की जानकारी खुद मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने एक रिव्यू मीटिंग के बाद दी। उन्होंने बताया कि रिहायशी इलाकों से गुजरने वाली मेट्रो लाइन के खिलाफ लगातार हो रहे विरोध प्रदर्शनों के बाद, अब रूट में बदलाव करने का निर्णय लिया गया है।
क्या है इंदौर मेट्रो का नया अंडरग्राउंड रूट?
मंत्री विजयवर्गीय ने मीडिया से बातचीत के दौरान बताया कि:
- नया अंडरग्राउंड रूट: इंदौर मेट्रो रेल अब खजराना स्क्वायर से पलासिया स्क्वायर होते हुए बड़ा गणपति इलाके तक अंडरग्राउंड होकर गुजरेगी।
- जनता को लाभ: इस बदलाव से आम जनता की सभी शिकायतें और परेशानियाँ दूर होंगी, और आम जन-जीवन भी बाधित नहीं होगा।
कैबिनेट में रखा जाएगा प्रस्ताव
मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री मोहन यादव की मंजूरी मिलने के बाद, मेट्रो रेल लाइन में बदलाव के इस प्रस्ताव को जल्द ही कैबिनेट मीटिंग में पेश किया जाएगा। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि शहर में मेट्रो रेल लाइन की खराब प्लानिंग की वजह से सड़क यातायात और सौंदर्यीकरण पर जो भी नकारात्मक प्रभाव पड़ा है, भविष्य में उन गलतियों को दोहराया नहीं जाएगा। यह निर्णय इंदौर मेट्रो परियोजना के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा, जिससे निर्माण कार्य में तेजी आने और शहरवासियों की उम्मीदें पूरी होने की संभावना है।








