₹2800 करोड़ के कार्य अगले अप्रैल तक होंगे पूरे, मंदाकिनी को स्वच्छ और सदानीरा बनाने पर ज़ोर
भोपाल/चित्रकूट, मध्य प्रदेश: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की है कि चित्रकूट का विकास इसके प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक विरासत को सुरक्षित रखते हुए किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि चित्रकूट में बड़े निर्माण कार्यों की आवश्यकता नहीं है, बल्कि ऐसे निर्माण होंगे जो भगवान कामतानाथ के सुगमता से दर्शन और भक्तों को सरलता से भोजन प्रसाद उपलब्ध करा सकें।

विकास का आधार: संत और आमजन के सुझाव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रविवार को चित्रकूट के आरोग्यम में प्रबुद्धजनों से चर्चा करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि चित्रकूट का विकास प्रबुद्धजन, संतों और आमजन के सुझावों के आधार पर होगा। उन्होंने भगवान श्रीराम की तपोभूमि चित्रकूट को धार्मिक पर्यटन और ग्रामीण पर्यटन का केंद्र बनाने का संकल्प दोहराया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क चौड़ीकरण, परिक्रमा पथ के सौंदर्यीकरण और धार्मिक स्थलों के विकास के कार्य तेजी से पूरे किए जाएंगे। उन्होंने सराहना की कि चित्रकूट में विकास के लिए 163 स्थानों पर लोगों ने स्वेच्छा से अपने भवन तोड़कर जमीन उपलब्ध कराई है, जो एक सराहनीय पहल है।
प्रमुख विकास कार्य और योजनाएँ
- मंदाकिनी नदी: मुख्यमंत्री ने कहा कि नदी को स्वच्छ और सदानीरा बनाए रखना प्राथमिकता है।
- निर्माण की प्रगति: चित्रकूट के विकास के लिए जारी ₹2800 करोड़ के निर्माण कार्य अगले वर्ष अप्रैल माह तक पूरे हो जाएंगे।
- ग्रामीण अर्थव्यवस्था: होम-स्टे को बढ़ावा देकर ग्रामीण पर्यटन के विकास और रोजगार के नए अवसर पैदा किए जाएंगे।
- पशुपालन प्रोत्साहन: चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय और दीनदयाल शोध संस्थान दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए किसानों और युवाओं को आधुनिक तकनीक में सहयोग करें।
- समग्र कार्ययोजना: कलेक्टर सतना को संतों, प्रबुद्धजनों और आम जनता से सुझाव लेकर कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
- सांसद का सुझाव: सांसद गणेश सिंह ने दौरी सागर निर्माण की बाधाएँ दूर करने की माँग की, जिससे मंदाकिनी नदी को नया जीवन मिलेगा।
- बड़ा ब्लूप्रिंट: कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने बताया कि चित्रकूट के लिए ₹5000 करोड़ की समग्र विकास कार्ययोजना तैयार की गई है, जिसमें नगर वन निर्माण, घाट निर्माण, सड़कों का विकास और मझगवां में औद्योगिक इकाइयों व शिक्षण संस्थानों की स्थापना का प्रस्ताव शामिल है।
मुख्यमंत्री ने आरोग्यम में भारतरत्न राष्ट्रऋषि नानाजी देशमुख की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए और सभी को दीपावली की शुभकामनाएँ दी।








