भोपाल (मध्य प्रदेश): केंद्रीय कृषि मंत्री और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की सुरक्षा को लेकर एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। खुफिया इनपुट्स के अनुसार, शिवराज सिंह चौहान पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के निशाने पर हैं। इस खतरे के मद्देनजर भोपाल स्थित उनके निवास, जिसे लोग प्यार से ‘मामा का घर’ कहते हैं, की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और वहां भारी घेराबंदी की गई है।
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ISI का साया और केंद्र का अलर्ट
जानकारी के अनुसार, भारत सरकार के गृह मंत्रालय (MHA) ने 12 नवंबर 2025 को ही मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और डीजीपी को एक गोपनीय पत्र भेजकर सतर्क किया था। खुफिया इनपुट में स्पष्ट कहा गया था कि ISI शिवराज सिंह चौहान की गतिविधियों और उनसे जुड़ी जानकारी जुटाने में गहरी रुचि ले रही है। केंद्र ने राज्य सरकार और दिल्ली पुलिस को तुरंत सुरक्षा व्यवस्था “मजबूत और संतुलित” करने के निर्देश दिए थे।
सुरक्षा में 30 दिन की देरी: एक बड़ी चूक?
सबसे ज्यादा चर्चा इस बात की हो रही है कि केंद्र की चेतावनी के बावजूद राज्य सरकार ने कदम उठाने में एक महीने का समय लगा दिया।
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अलर्ट की तारीख: 12 नवंबर 2025
- कार्रवाई की तारीख: 12 दिसंबर 2025
दिसंबर में भोपाल स्थित उनके निवास (B-8, B-9) पर बैरिकेडिंग की गई और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया।
सियासी गलियारों में तूफान
सुरक्षा में हुई इस देरी को लेकर विपक्ष ने सरकार को आड़े हाथों लिया है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सुरक्षा जैसे संवेदनशील विषय पर 30 दिन की देरी किसी बड़े खतरे को दावत दे सकती थी। उन्होंने इसे शासन की गंभीर लापरवाही करार दिया है।
शिवराज सिंह चौहान: एक कद्दावर व्यक्तित्व
शिवराज सिंह चौहान का कद न केवल मध्य प्रदेश बल्कि देश की राजनीति में भी बहुत बड़ा है, जो उन्हें एक हाई-प्रोफाइल टारगेट बनाता है:
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मुख्यमंत्री का रिकॉर्ड: वे मध्य प्रदेश के सबसे लंबे समय तक (4 बार) रहने वाले मुख्यमंत्री हैं।
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संसदीय करियर: वे 6 बार सांसद रह चुके हैं। 2024 में विदिशा से रिकॉर्ड मतों से जीतकर वे लोकसभा पहुंचे।
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वर्तमान जिम्मेदारी: जून 2024 से वे मोदी सरकार 3.0 में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री का महत्वपूर्ण प्रभार संभाल रहे हैं।
निवास पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
खतरे की गंभीरता को देखते हुए अब उनके आवास के बाहर सघन चेकिंग, अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे और पुलिस की विशेष टुकड़ियों को तैनात किया गया है। किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर कड़ी नजर रखी जा रही है।








