होम देश/विदेश मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ उत्तरप्रदेश जॉब/वेकैंसी एंटरटेनमेंट खेल लाइफस्टाइल टेक/गैजेट फैशन धर्म
गूगल न्यूज़ में हमारे साथ जुड़ें

चित्रकूट में ‘बंदरों का नरसंहार’? एक किलोमीटर तक बिखरे मिले दो दर्जन शव; वन विभाग को ‘जहर’ या ‘करंट’ का शक

सतना (मध्य प्रदेश):प्रसिद्ध तीर्थ स्थल चित्रकूट के कुशवाहा बस्ती इलाके में उस वक्त सनसनी फैल गई, जब लोगों ने सड़क किनारे भारी ...

विज्ञापन

Published on:

| सतना टाइम्स

सतना (मध्य प्रदेश):प्रसिद्ध तीर्थ स्थल चित्रकूट के कुशवाहा बस्ती इलाके में उस वक्त सनसनी फैल गई, जब लोगों ने सड़क किनारे भारी संख्या में बंदरों को मृत अवस्था में देखा। करीब एक किलोमीटर के दायरे में बंदरों के शव पड़े हुए थे। सूचना मिलते ही वन विभाग और स्थानीय पुलिस की टीम मौके पर पहुँची।

Bandar hi bandar

घटना का खौफनाक मंजर

  • थोक में मिले शव: सड़क किनारे करीब दो दर्जन से अधिक बंदर मृत पाए गए। कुछ स्थानीय लोगों का दावा है कि कुछ बंदर अधमरी हालत में भी मिले थे।

  • बिसरा सुरक्षित: वन विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए शवों को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम (PM) कराया है। मौत की सटीक वजह जानने के लिए बंदरों का ‘बिसरा’ सुरक्षित रखकर लैब भेजा गया है।

जांच के केंद्र में दो मुख्य आशंकाएं

प्रशासन और वन विभाग फिलहाल दो बिंदुओं पर मुख्य रूप से जांच कर रहा है:

  1. सामूहिक हत्या (जहर देना): आशंका जताई जा रही है कि किसी शरारती तत्व ने बंदरों को खाने में जहर देकर मार डाला है और साक्ष्य छुपाने के लिए उन्हें सड़क किनारे फेंक दिया।

  2. हाई वोल्टेज करंट: दूसरी संभावना यह जताई जा रही है कि करंट लगने से यह हादसा हुआ हो सकता है, हालांकि इतनी बड़ी संख्या में बंदरों का एक साथ करंट की चपेट में आना संदेहास्पद लग रहा है।

CCTV खंगाल रही पुलिस

घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आसपास के इलाकों और हाईवे पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या किसी वाहन से इन बंदरों के शवों को यहाँ लाकर फेंका गया है।

जनता का आक्रोश

चित्रकूट में बंदरों को बेहद श्रद्धा की दृष्टि से देखा जाता है। सामूहिक मौत की इस घटना ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाई है। स्थानीय निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि यह हत्या का मामला निकलता है, तो दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।


मामले का सारांश: एक नज़र में

विवरण जानकारी
स्थान कुशवाहा बस्ती के पास, चित्रकूट (सतना)
मृत बंदरों की संख्या 24 से अधिक
जांच एजेंसियां वन विभाग और सतना पुलिस
जांच का आधार पोस्टमार्टम रिपोर्ट और CCTV फुटेज
वर्तमान स्थिति रिपोर्ट का इंतजार; इलाके में तनावपूर्ण शांति

प्रांशु विश्वकर्मा, ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर और कंटेंट राइटर है।जो बिजनेश और नौकरी राजनीति जैसे तमाम खबरे लिखते है।... और पढ़ें

×

Latest News

Web Stories

Satna News

Instagram

Home

Latest News

Web Stories

Satna News

Instagram