होम देश/विदेश मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ उत्तरप्रदेश जॉब/वेकैंसी एंटरटेनमेंट खेल लाइफस्टाइल टेक/गैजेट फैशन धर्म

ऐतिहासिक पल! राम मंदिर शिखर पर फहराई धर्म ध्वजा, PM मोदी बोले- ‘अब मानसिक गुलामी से मुक्ति का समय’

अयोध्या (उत्तर प्रदेश) – श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के 673 दिनों बाद, अयोध्या में आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ऐतिहासिक ...

विज्ञापन

Published on:

| सतना टाइम्स

अयोध्या (उत्तर प्रदेश) – श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के 673 दिनों बाद, अयोध्या में आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ऐतिहासिक क्षण को साकार किया। पीएम मोदी ने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत के साथ राम मंदिर के 161 फीट ऊंचे शिखर पर भव्य केसरिया धर्म ध्वजा फहराई।

दोपहर 12:30 बजे अभिजीत मुहूर्त में जैसे ही ध्वजारोहण हुआ, पूरा राम मंदिर परिसर श्रद्धालुओं के “जय श्री राम” के उद्घोष से गूंज उठा। इस ध्वजारोहण को राम मंदिर के पूर्ण निर्माण का प्रतीक माना जा रहा है।

naidunia_image

पीएम मोदी ने किया रोड शो और पूजा-अर्चना

ध्वजारोहण से पहले, प्रधानमंत्री मोदी ने अयोध्या पहुंचकर विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान पूरे किए:

  • राम दरबार में पूजा: पीएम मोदी ने RSS प्रमुख मोहन भागवत के साथ पहली बार राम दरबार में पूजा-अर्चना की। उन्होंने सप्त ऋषियों के दर्शन किए और मंदिर परिसर में बने जलाशय का भी अवलोकन किया।

  • भव्य रोड शो: साकेत कॉलेज से रामजन्मभूमि तक करीब डेढ़ किलोमीटर लंबा भव्य रोड शो किया गया। स्कूली बच्चों ने काफिले पर फूल बरसाए और महिलाओं ने पारंपरिक तरीके से उनका स्वागत किया।

धर्म ध्वजा की विशेषताएँ

मंदिर शिखर पर फहराई गई केसरिया ध्वजा में कई विशिष्टताएँ हैं:

  • ऊँचाई: 161 फीट ऊँचे शिखर पर स्थापित।

  • दंड: ध्वजा का दंड 21 किलो सोने से मढ़ा गया है।

  • दृश्यता: यह ध्वजा 4 किलोमीटर दूर से दिखाई देगी।

  • आकार और प्रतीक: 10 फीट ऊंचा और 20 फीट लंबा समकोण त्रिभुजाकार ध्वज, भगवान श्री राम के तेज और पराक्रम का प्रतीक है। इस पर दीप्तिमान सूर्य की छवि के साथ कोविदारा वृक्ष की छवि अंकित है।

  • वजन: ध्वजा का वजन 2 किलो है।

नेताओं के विचार: एक नए युग का सूत्रपात

इस ऐतिहासिक अवसर पर संघ प्रमुख और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने अपने विचार व्यक्त किए।

  • मोहन भागवत (सरसंघचालक, RSS): “राम राज्य का ध्वज, जो कभी अयोध्या में फहराता था… अब अपने शिखर पर विराजमान है। हमने इसे होते हुए देखा है। मंदिर निर्माण में समय लगा। अगर, आप 500 वर्षों को अलग भी कर दें, तो भी इसमें 30 वर्ष लगे।”

  • योगी आदित्यनाथ (मुख्यमंत्री, UP): “यह भव्य मंदिर 140 करोड़ भारतीयों की आस्था और स्वाभिमान का प्रतीक है… भव्य मंदिर में ध्वजारोहण किसी यज्ञ की पूर्णाहुति नहीं, बल्कि एक नए युग का सूत्रपात है। यह भगवा ध्वज धर्म, निष्ठा, सत्य, न्याय और ‘राष्ट्र धर्म’ का प्रतीक है।”

कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सजावट

अयोध्या शहर को 1000 क्विंटल फूलों से सजाया गया है। मंदिर परिसर के लिए अभूतपूर्व 5-लेयर सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है, जिसमें ATS, NSG, SPG, CRPF और PAC के जवान तैनात हैं। इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में मोहन भागवत सहित लगभग 7 हज़ार लोग मौजूद रहे।

प्रांशु विश्वकर्मा, ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर और कंटेंट राइटर है।जो बिजनेश और नौकरी राजनीति जैसे तमाम खबरे लिखते है।... और पढ़ें