होम देश/विदेश मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ उत्तरप्रदेश जॉब/वेकैंसी एंटरटेनमेंट खेल लाइफस्टाइल टेक/गैजेट फैशन धर्म

SENSATION: भोपाल के इत्र कारोबार पर ‘युद्ध’ की मार! 100 साल में पहली बार संकट में पुश्तैनी धंधा; खाड़ी देशों के करोड़ों के ऑर्डर कैंसिल

भोपाल। अपनी खास खुशबू के लिए दुनिया भर में मशहूर भोपाल का इत्र इस बार रमजान के पवित्र महीने में भी ‘फीका’ ...

विज्ञापन

Updated on:

| सतना टाइम्स

भोपाल। अपनी खास खुशबू के लिए दुनिया भर में मशहूर भोपाल का इत्र इस बार रमजान के पवित्र महीने में भी ‘फीका’ नजर आ रहा है। ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच जारी भीषण तनाव ने भोपाल के इत्र निर्यात (Export) की कमर तोड़ दी है। आलम यह है कि जो इत्र सदियों से सरहदों के पार खुशबू बिखेरता था, वह आज गोदामों में बंद पड़ा है।

Itra Business Crisis Bhopal

100 साल के इतिहास का सबसे बुरा दौर

भोपाल के इत्र व्यापारियों के अनुसार, पिछले एक दशक में ऐसा कभी नहीं हुआ कि निर्यात पूरी तरह ठप हो जाए।

  • एक्सपोर्ट पर ब्रेक: भोपाल के कुल इत्र व्यापार का 35% हिस्सा खाड़ी देशों (दुबई, सऊदी अरब, कतर) को भेजा जाता है। युद्ध के कारण शिपिंग रूट बंद हैं और सप्लाई चेन पूरी तरह टूट गई है।

  • करोड़ों का नुकसान: रमजान के दौरान व्यापारी करीब 10 करोड़ रुपये के कारोबार की उम्मीद कर रहे थे, लेकिन विदेशी खरीदारों ने सुरक्षा और अनिश्चितता के कारण अपने ऑर्डर कैंसिल कर दिए हैं।

2. ‘प्रीमियम खुशबू’ ट्रांजिट में फंसी

इत्र कारोबारी सैयद मोहम्मद अल्तमश जलाल का कहना है कि उनका परिवार 100 साल से इस काम में है, लेकिन आज जैसे हालात कभी नहीं देखे। उन्होंने बताया कि उनका प्रीमियम माल विदेशों में जाने के लिए ट्रांजिट में फंसा है। शिपमेंट रुकने से छोटे और मंझोले कारोबारियों की पूंजी फंस गई है।

3. कारीगरों के चूल्हे पर संकट

जहांगीराबाद और बैरागढ़ की छोटी इत्र यूनिट्स में काम करने वाले सैकड़ों कारीगरों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।

  • बढ़ी लागत: युद्ध की वजह से लॉजिस्टिक्स और शिपिंग का खर्च दोगुना हो गया है, जिससे मुनाफा खत्म हो गया है।

  • घरेलू बाजार का सहारा: हालांकि रमजान की वजह से स्थानीय बाजार में मांग है, लेकिन व्यापारियों का कहना है कि असली मुनाफा और तरक्की विदेशी निर्यात से ही संभव थी।

प्रांशु विश्वकर्मा, ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर और कंटेंट राइटर है।जो बिजनेश और नौकरी राजनीति जैसे तमाम खबरे लिखते है।... और पढ़ें