होम देश/विदेश मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ उत्तरप्रदेश जॉब/वेकैंसी एंटरटेनमेंट खेल लाइफस्टाइल टेक/गैजेट फैशन धर्म

BIG NEWS: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से सीधे जुड़ेगा उज्जैन; केंद्र ने दी ₹3,839 करोड़ के कॉरिडोर को मंजूरी, सिंहस्थ 2028 के लिए बड़ी सौगात

भोपाल/उज्जैन। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट ने मध्य प्रदेश के लिए एक महत्वाकांक्षी सड़क परियोजना को हरी झंडी दे ...

विज्ञापन

Published on:

| सतना टाइम्स

भोपाल/उज्जैन। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट ने मध्य प्रदेश के लिए एक महत्वाकांक्षी सड़क परियोजना को हरी झंडी दे दी है। टिमरवानी-थांदला-पेटलावद-बदनावर-उज्जैन कॉरिडोर के बनने से उज्जैन अब सीधे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की मुख्य लाइन से जुड़ जाएगा।

2 घंटे में पूरा होगा गुजरात-महाराष्ट्र से सफर

यह कॉरिडोर गुजरात और महाराष्ट्र की ओर से उज्जैन आने वाले श्रद्धालुओं और यात्रियों के लिए सबसे छोटा रास्ता साबित होगा।

  • समय की बचत: वर्तमान यात्रा समय में करीब 1 घंटे की कमी आएगी। एक्सप्रेसवे के इंटरचेंज से उज्जैन तक की दूरी महज 2 घंटे में पूरी की जा सकेगी।

  • कनेक्टिविटी: यह प्रोजेक्ट दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के टिमरवानी इंटरचेंज तक सीधी 4-लेन कनेक्टिविटी प्रदान करेगा।

प्रोजेक्ट की मुख्य विशेषताएं

  • लागत: ₹3,839 करोड़ रुपए।

  • लंबाई: बदनावर-पेटलावद-थांदला-टिमरवानी सेक्शन की लंबाई 80.45 किलोमीटर होगी।

  • अपग्रेडेशन: 70.40 किमी लंबा उज्जैन-बदनावर सेक्शन पहले ही 4-लेन किया जा चुका है, अब शेष हिस्से को भी 4-लेन बनाया जाएगा।

 सिंहस्थ 2028 और आर्थिक विकास पर असर

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस मंजूरी के लिए केंद्र सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने इस प्रोजेक्ट के दूरगामी लाभ बताए:

  • सिंहस्थ 2028: 2028 में होने वाले सिंहस्थ कुंभ से पहले यह काम पूरा हो जाएगा, जिससे करोड़ों श्रद्धालुओं को आने-जाने में आसानी होगी।

  • औद्योगिक लाभ: इंदौर, पीथमपुर, उज्जैन और देवास जैसे इंडस्ट्रियल हब तक कच्चे माल और तैयार माल की आवाजाही सस्ती और तेज होगी।

  • क्षेत्रीय विकास: इससे धार और झाबुआ जैसे आदिवासी बहुल जिलों के आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।

जल जीवन मिशन का विस्तार

कैबिनेट ने ‘जल जीवन मिशन’ की समय सीमा को भी बढ़ाकर दिसंबर 2028 कर दिया है और इसकी कुल लागत ₹8.69 लाख करोड़ कर दी है। इससे मध्य प्रदेश के ‘हर घर जल’ संकल्प को और मजबूती मिलेगी।

प्रोजेक्ट: एक नज़र में 

  1. कॉरिडोर: टिमरवानी-थांदला-पेटलावद-बदनावर-उज्जैन।

  2. प्रकार: 4-लेन हाई-स्पीड कॉरिडोर।

  3. मुख्य लाभ: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से उज्जैन का सीधा संपर्क।

  4. डेडलाइन: सिंहस्थ 2028 से पहले पूर्ण करने का लक्ष्य।

प्रांशु विश्वकर्मा, ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर और कंटेंट राइटर है।जो बिजनेश और नौकरी राजनीति जैसे तमाम खबरे लिखते है।... और पढ़ें