CarTrade Tech के शेयरों में मंगलवार, 10 सितंबर को भारी गिरावट देखने को मिली। कारोबार के दौरान कंपनी का शेयर 17% तक टूटकर 2,271.9 रुपये पर आ गया। यह अब तक किसी एक दिन में दर्ज की गई सबसे बड़ी गिरावट है। इससे पहले लगातार तीन दिनों तक शेयर हरे निशान में कारोबार कर रहा था।

गिरावट की वजह
इस गिरावट के पीछे ब्रोकरेज फर्म JM फाइनेंशियल की रिपोर्ट को अहम कारण माना जा रहा है। ब्रोकरेज ने कारट्रेड टेक की रेटिंग “होल्ड” से घटाकर “Sell” कर दी है। हालांकि, टारगेट प्राइस 1,900 रुपये से बढ़ाकर 2,350 रुपये कर दिया गया है। इसका मतलब है कि मौजूदा स्तर से भी शेयर में लगभग 14% तक और गिरावट संभव है।
रिपोर्ट के मुताबिक, कारट्रेड के शेयर FY27 के अनुमानित EBITDA के 43 गुना वैल्यूएशन पर ट्रेड हो रहे हैं, जिसे ‘बहुत महंगा’ बताया गया है। खासकर तब जब कंपनी की अधिकतर कमाई अभी भी B2B क्लाइंट्स से आ रही है।
एआई टूल्स का खतरा
ब्रोकरेज ने यह भी चेतावनी दी कि ChatGPT और Perplexity जैसे जेनरेटिव एआई टूल्स की बढ़ती लोकप्रियता कंपनी के बिजनेस मॉडल को चुनौती दे सकती है।
कंपनी की सफाई और उम्मीदें
गिरावट के बीच कारट्रेड टेक ने सफाई देते हुए कहा कि हाल ही में वाहनों पर GST में की गई कटौती इंडस्ट्री के लिए बड़ा बदलाव साबित हो सकती है। कंपनी का दावा है कि CarWale और BikeWale जैसे प्लेटफॉर्म्स पर ट्रैफिक में पहले ही 25% से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज हुई है।कंज्यूमर ग्रुप सीईओ बनवारी लाल शर्मा ने कहा, “जीएसटी कटौती भारत की ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री के लिए गेम-चेंजर है। इससे उपभोक्ताओं का खर्च कम होगा और डीलरों की मांग बढ़ेगी।”
हालिया परफॉर्मेंस
मार्च 2023 से 9 सितंबर 2025 तक कारट्रेड के शेयरों में लगभग 8 गुना उछाल आया था। इस दौरान शेयर ने अपने 1618 रुपये के आईपीओ प्राइस को भी पार कर लिया। साल 2025 में अब तक इसमें करीब 64% की तेजी रही है। हालांकि, आज की बड़ी गिरावट ने इस तेजी पर ब्रेक लगा दिया।







