पन्ना: मध्य प्रदेश के पन्ना टाइगर रिजर्व (PTR) में वन्यजीव नियमों के गंभीर उल्लंघन का मामला सामने आया है। मंगलवार (9 दिसंबर) को एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें कथित तौर पर दो हाथियों का इस्तेमाल करके एक बाघ का रास्ता रोककर जिप्सी में सवार पाँच मंत्रियों को बाघ का दीदार कराया गया। इस पूरे प्रकरण की शिकायत नेशनल टाइगर कंजर्वेशन अथॉरिटी (NTCA) से की गई है।
नियमों का उल्लंघन और वायरल वीडियो
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घटना: मंगलवार (9 दिसंबर) को हुई।
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खुलासा: राज्यमंत्री लखन पटेल ने खुद यह वीडियो इंटरनेट मीडिया पर साझा किया, जिसके बाद यह वायरल हो गया।
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उल्लंघन: वायरल वीडियो और स्थानीय लोगों के अनुसार, गश्ती दल के दो हाथियों ने बाघ का रास्ता रोके रखा, जिससे जिप्सी में सवार मंत्रियों ने लगभग 10 मिनट तक बाघ का दीदार किया। वन्यजीव नियमों के तहत बाघों को इस तरह से घेरना या उनके रास्ते में बाधा डालना वर्जित है।
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शामिल मंत्री:
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प्रहलाद पटेल
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विजय शाह
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इंदर सिंह परमार
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लखन पटेल
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दिलीप अहिरवार
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NTCA से शिकायत और आरोप
वन्य प्राणी एक्टिविस्ट अजय दुबे ने NTCA के सदस्य सचिव को भेजी शिकायत में इस मामले को अवैधानिक बताया है।
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शिकायत में आरोप: पन्ना टाइगर रिजर्व में जिम्मेदार अफसरों की लापरवाही के कारण सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों और वाइल्ड लाइफ के नियमों का उल्लंघन हुआ है।
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अन्य अनियमितताएं: शिकायत में 8 दिसंबर को मुख्यमंत्री और 9 दिसंबर को मंत्रियों व अफसरों की जंगल सफारी में कई अनियमितताओं की जानकारी भी दी गई है।
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मांग: एक्टिविस्ट ने जिम्मेदारों पर विधिसम्मत कार्रवाई करने की मांग की है।
पार्क प्रबंधन और राजनीति
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पार्क प्रबंधन की चुप्पी: पन्ना टाइगर रिजर्व के अधिकारी मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं। हालांकि, उन्होंने यह स्वीकार किया कि हाथियों के ज़रिए बाघ की निगरानी की जा रही थी। आधिकारिक तौर पर पार्क प्रबंधन इस प्रकरण से अंजान बना हुआ है।
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कांग्रेस का आरोप: कांग्रेस ने बीजेपी के मंत्रियों को ‘अय्याश’ बताते हुए दोषी मंत्रियों और अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
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बीजेपी का रुख: बीजेपी पूरे मामले को सिरे से खारिज कर रही है।









