भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर प्रशासनिक स्तर पर एक महत्वपूर्ण फेरबदल किया है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) द्वारा जारी आदेश के अनुसार, राज्य के 27 भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारियों को केंद्रीय चुनाव आयोग द्वारा ‘चुनाव प्रेक्षक’ (Observer) नियुक्त किया गया है। ये अधिकारी असम, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों में चुनावी व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे।
न्यूज़ हेडलाइंस
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चुनावी ड्यूटी: एमपी कैडर के 27 आईएएस अफसर दूसरे राज्यों में संभालेंगे मोर्चा।
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अतिरिक्त प्रभार: अधिकारियों की अनुपस्थिति में उनके विभागों की जिम्मेदारी अन्य अफसरों को सौंपी गई।
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राज्यपाल का आदेश: मुख्य सचिव अनुराग जैन ने जारी किया आधिकारिक आदेश।
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प्रमुख बदलाव: पी. नरहरि, श्रीमन शुक्ला और निधि निवेदिता जैसे वरिष्ठ अफसरों को मिली नई जिम्मेदारी।
प्रमुख विभागों में प्रभार का गणित
27 अधिकारियों के मुख्यालय से बाहर रहने की अवधि के दौरान शासन का काम प्रभावित न हो, इसके लिए प्रभार का आवंटन किया गया है। प्रमुख बदलाव निम्नलिखित हैं:





किन राज्यों में होगी तैनाती?
मध्य प्रदेश के ये दिग्गज अधिकारी विधानसभा चुनाव 2026 के लिए चुनाव आयोग की आंख और कान बनकर कार्य करेंगे। इनकी तैनाती मुख्य रूप से इन राज्यों में होगी:
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पश्चिम बंगाल
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असम
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तमिलनाडु
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केरल
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पुडुचेरी
प्रशासनिक व्यवस्था और आदेश
मुख्य सचिव अनुराग जैन द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह व्यवस्था केवल संबंधित अधिकारियों के चुनावी ड्यूटी से वापस लौटने तक ही प्रभावी रहेगी। आदेश की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री कार्यालय और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को भेज दी गई है ताकि समन्वय बना रहे।
भविष्य की चुनौतियां
इतनी बड़ी संख्या में वरिष्ठ अधिकारियों के बाहर जाने से प्रदेश के कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स और विभागों के दैनिक कार्यों का बोझ दूसरे अफसरों पर आ गया है। ऐसे में ‘अतिरिक्त प्रभार’ वाले अधिकारियों के लिए अपनी मूल जिम्मेदारी के साथ-साथ नए विभागों में सामंजस्य बैठाना एक बड़ी चुनौती होगी।








