शहडोल: विंध्य क्षेत्र के सबसे बड़े नशा तस्कर रमेश जायसवाल को शहडोल पुलिस ने एक नाटकीय घटनाक्रम में गिरफ्तार किया है। कुख्यात तस्कर को यह अंदाज़ा भी नहीं था कि प्यार का चक्कर उसे सलाखों के पीछे पहुँचा देगा। रमेश जायसवाल अपनी प्रेमिका से मिलने के लिए शहडोल आया था, और एक छोटे से पारिवारिक विवाद के कारण वह पुलिस के हत्थे चढ़ गया।

विवाद से खुली पोल
घटना बीती रात की है, जब सीधी जिले के रामपुर नैकिन (खाड़ा गाँव) का निवासी रमेश जायसवाल अपनी प्रेमिका से मिलने शहडोल पहुँचा। बताया जा रहा है कि वहाँ किसी बात को लेकर उसका प्रेमिका के परिजनों से विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि मामला कोतवाली थाने तक पहुँच गया।
जब कोतवाली पुलिस ने आरोपी से पूछताछ की और उसकी तलाशी ली, तो चौंकाने वाली सामग्री बरामद हुई:
- एक 7.65 एमएम की देसी पिस्टल।
- 11 जिंदा कारतूस।
- पाँच स्मार्टफोन।
- एक लग्जरी कार।
- ₹65,000/- नगद और नशे से जुड़ी संदिग्ध सामग्री।

11 से अधिक NDPS के मामले
कड़ी पूछताछ के बाद पुलिस को पता चला कि यह व्यक्ति कोई और नहीं, बल्कि विंध्य क्षेत्र का कुख्यात नशा सप्लायर रमेश जायसवाल है। रमेश जायसवाल पर सीधी, शहडोल, रामपुर नैकिन और अमरपाटन सहित कई थानों में NDPS एक्ट के तहत 11 से अधिक मामले दर्ज हैं। वह लंबे समय से फरार चल रहा था और कई जिलों की पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।
शहडोल पुलिस की इस कार्रवाई को एक बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि विंध्य के सबसे बड़े ड्रग स्मगलर की गिरफ्तारी से क्षेत्र में सक्रिय नशे के रैकेट पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।







